पंचकूला। पुलिस ने 22 वर्षीय एक युवक को गिरफ्तार किया है, जिस पर आरोप है कि वह मजबूरी का हवाला देकर दोस्तों से उनके बैंक खातों और एटीएम कार्ड की जानकारी हासिल करता था। इसके बाद इन खातों में साइबर ठगी की रकम मंगवाकर एटीएम के जरिए निकाल ली जाती थी।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान विशाल कुमार के रूप में हुई है। वह मूलरूप से हरियाणा के सोनीपत का रहने वाला है और पिंजौर में रह रहा था। साइबर अपराध पर अंकुश लगाने और म्यूल बैंक खातों के खिलाफ कार्रवाई के लिए पुलिस कमिश्नर आईपीएस पंकज नैन के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई।
साइबर थाना सेक्टर-20 की जांच में संदिग्ध बैंक खातों से जुड़ी साइबर ठगी की शिकायतें सामने आई थीं। साइबर थाना प्रभारी युद्धवीर सिंह के अनुसार, जांच में सामने आया कि विशाल ने अपने साथी के साथ मिलकर दोस्तों को मजबूरी का हवाला देकर उनका भरोसा जीता और बैंक खातों की जानकारी व एटीएम कार्ड हासिल किए।
इन बैंक खातों में साइबर ठगी से हासिल रकम मंगवाई जाती थी और बाद में एटीएम के जरिए पैसे निकाल लिए जाते थे। जांच में अब तक सात बैंक खातों के दुरुपयोग और करीब आठ लाख रुपये की संदिग्ध साइबर ठगी की रकम सामने आई है।
डीसीपी क्राइम एंड ट्रैफिक अमरिंदर सिंह ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया था। रिमांड के दौरान उसके पास से मोबाइल फोन बरामद किया गया। इसके बाद आरोपी को जेल भेज दिया गया है।
पुलिस अब मामले में उसके फरार साथी की तलाश कर रही है। पुलिस साइबर ठगी की रकम और इस्तेमाल किए गए बैंक खातों से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
