Breaking News
लेटर बम निकला ‘फुस्स’, बयान के बाद सियासत में पलटवार तेज
लेटर बम निकला ‘फुस्स’, बयान के बाद सियासत में पलटवार तेज
सब रजिस्टार कार्यालय विकासनगर में डीएम का औचक निरीक्षण, पुराने विलेख पत्र जब्त
सब रजिस्टार कार्यालय विकासनगर में डीएम का औचक निरीक्षण, पुराने विलेख पत्र जब्त
सब रजिस्टार कार्यालय विकासनगर में डीएम का औचक निरीक्षण, पुराने विलेख पत्र जब्त
सब रजिस्टार कार्यालय विकासनगर में डीएम का औचक निरीक्षण, पुराने विलेख पत्र जब्त
कृषि मंत्री गणेश जोशी ने डिजिटल भुगतान प्रणाली (सीबीडीसी) के अनुदान वितरण प्रक्रिया का किया शुभारम्भ
कृषि मंत्री गणेश जोशी ने डिजिटल भुगतान प्रणाली (सीबीडीसी) के अनुदान वितरण प्रक्रिया का किया शुभारम्भ
भूकंप पूर्व चेतावनी प्रणाली का विस्तार, 500 नए सेंसर लगाने की योजना
भूकंप पूर्व चेतावनी प्रणाली का विस्तार, 500 नए सेंसर लगाने की योजना
गर्मियों में भी बढ़ सकता है अस्थमा अटैक का खतरा, विशेषज्ञों ने दी चेतावनी
गर्मियों में भी बढ़ सकता है अस्थमा अटैक का खतरा, विशेषज्ञों ने दी चेतावनी
गर्मियों में भी बढ़ सकता है अस्थमा अटैक का खतरा, विशेषज्ञों ने दी चेतावनी
गर्मियों में भी बढ़ सकता है अस्थमा अटैक का खतरा, विशेषज्ञों ने दी चेतावनी
6 लाख की हेरोइन के साथ युवक गिरफ्तार, एंटी नारकोटिक सेल की बड़ी कार्रवाई
6 लाख की हेरोइन के साथ युवक गिरफ्तार, एंटी नारकोटिक सेल की बड़ी कार्रवाई
वजीरपुर में दिल दहला देने वाला हत्याकांड: पिता ने पत्नी और चार बच्चों की ली जान
वजीरपुर में दिल दहला देने वाला हत्याकांड: पिता ने पत्नी और चार बच्चों की ली जान
प्रदेश के सभी स्कूल भवनों का सुरक्षा ऑडिट किया जाए- मुख्यमंत्री

देहरादून – मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास में उच्च स्तरीय बैठक के दौरान अधिकारियों को निर्देश दिये कि प्रदेश के सभी स्कूल भवनों का सुरक्षा ऑडिट किया जाए। जर्जर एवं असुरक्षित स्कूल भवनों में बच्चों को किसी भी स्थिति में न बैठाया जाए। बच्चों की सुरक्षा से जुड़ी किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि जहां भी स्कूल भवन मरम्मत योग्य हो, वहां शीघ्र मरम्मत कराया जाए और जहां पुनर्निर्माण की आवश्यकता हो, वहां उसकी कार्य योजना बनाकर तत्परता से क्रियान्वयन किया जाए।

प्रदेश के सभी पुलों का भी सुरक्षा ऑडिट करने के निर्देश भी मुख्यमंत्री ने दिये हैं। उन्होंने कहा कि जिन पुलों की स्थिति खराब हो रही है, उनका आवश्यकतानुसार मरम्मत और पुनर्निर्माण का कार्य प्राथमिकता पर किया जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि पुलों की स्थिति पर नियमित निगरानी रखी जाए और कहीं भी जर्जर पुलों के कारण कोई जनहानि न हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि त्रियुगीनारायण और राज्य के अन्य स्थल जो वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में विकसित किये जा रहे हैं, उनकी कार्यवाही में तेजी लाई जाय। यह राज्य के पर्यटन और स्थानीय रोजगार को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि इन स्थलों के विकास में गुणवत्ता, सुविधा और सांस्कृतिक गरिमा का विशेष ध्यान रखा जाए। साथ ही, अन्य राज्यों की वेडिंग पॉलिसी का अध्ययन भी किया जाए ताकि उत्तराखंड में एक प्रभावी और आकर्षक वेडिंग डेस्टिनेशन नीति विकसित की जा सके।

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि राज्य में दो स्पिरिचुअल इकोनॉमिक जोन विकसित किये जाने की दिशा में तेजी से कार्य किये जाएं। उन्होंने कहा कि यह पहल राज्य में धार्मिक, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पर्यटन को सुदृढ़ करने के साथ ही आर्थिक गतिविधियों को भी सशक्त करेगी। संबंधित विभागों को इस दिशा में आपसी समन्वय के साथ ठोस कार्य योजना बनाकर कार्य करने के उन्होंने निर्देश दिए हैं।

बैठक में प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम, सचिव  शैलेश बगोली,  विनय शंकर पाण्डेय, विशेष सचिव डॉ. पराग मधुकर धकाते, आईजी के.एस.नगन्याल, अपर सचिव  बंशीधर तिवारी मौजूद थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top