Breaking News
मोरी में बोलेरो कैंपर 200 मीटर गहरी खाई में गिरा, एक की मौत, 11 घायल
मोरी में बोलेरो कैंपर 200 मीटर गहरी खाई में गिरा, एक की मौत, 11 घायल
17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा ‘स्वच्छता ही सेवा अभियान-2026’
17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलेगा ‘स्वच्छता ही सेवा अभियान-2026’
जल जीवन मिशन की लंबित योजनाओं को सर्वाेच्च प्राथमिकता से पूरा करें- डीएम
जल जीवन मिशन की लंबित योजनाओं को सर्वाेच्च प्राथमिकता से पूरा करें- डीएम
जमीन के फर्जी दस्तावेज तैयार कर कब्जे का आरोप, दो गिरफ्तार
जमीन के फर्जी दस्तावेज तैयार कर कब्जे का आरोप, दो गिरफ्तार
उत्तराखंड में सुरक्षा को लेकर DGP दीपम सेठ सख्त, चारधाम से चुनाव तक अलर्ट
उत्तराखंड में सुरक्षा को लेकर DGP दीपम सेठ सख्त, चारधाम से चुनाव तक अलर्ट
अवैध प्लॉटिंग पर एमडीडीए का शिकंजा, झाझरा में पांच बीघा अनधिकृत प्लॉटिंग ध्वस्त
अवैध प्लॉटिंग पर एमडीडीए का शिकंजा, झाझरा में पांच बीघा अनधिकृत प्लॉटिंग ध्वस्त
देहरादून में कुष्ठ रोग मुक्त लाभार्थियों की हुई निःशुल्क स्वास्थ्य जांच
देहरादून में कुष्ठ रोग मुक्त लाभार्थियों की हुई निःशुल्क स्वास्थ्य जांच
एसआईआर को लेकर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक
एसआईआर को लेकर राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जन्मदिन पर यमकेश्वर शिव मंदिर में होगा रुद्राभिषेक व यज्ञ
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जन्मदिन पर यमकेश्वर शिव मंदिर में होगा रुद्राभिषेक व यज्ञ
उत्तराखंड में भारी बारिश की चेतावनी: 8 जिलों में फ्लैश फ्लड का खतरा, रुद्रप्रयाग में स्कूल बंद

देहरादून: उत्तराखंड में मौसम विभाग (IMD) द्वारा 31 जुलाई को भारी बारिश का पूर्वानुमान जताए जाने के बाद राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र ने 8 संवेदनशील जिलों में हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। देहरादून, उत्तरकाशी, टिहरी, पौड़ी गढ़वाल, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के कई इलाकों में मूसलाधार बारिश के साथ जलभराव और अचानक बाढ़ (फ्लैश फ्लड) आने की गंभीर आशंका जताई गई है।

रुद्रप्रयाग में स्कूलों में छुट्टी: सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने शुक्रवार को जिले के कक्षा 1 से 12 तक के सभी सरकारी, अर्द्धसरकारी, निजी विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित कर दिया है।

प्रशासनिक कदम और एहतियात:

  • पर्यटकों पर रोक: मौसम की संवेदनशीलता को देखते हुए पर्यटकों के उच्च हिमालयी क्षेत्रों में जाने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है।

  • रास्ते खोलने की तैयारी: भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में जेसीबी और आवश्यक मशीनरी पहले से तैनात की गई है ताकि मार्ग बाधित होने पर तुरंत यातायात बहाल किया जा सके।

  • अंतर-विभागीय समन्वय: एसडीआरएफ (SDRF), पुलिस, स्वास्थ्य, बीआरओ (BRO) और लोक निर्माण विभाग को आपस में समन्वय बनाकर 24 घंटे अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं।

प्रशासन ने स्थानीय निवासियों और पर्यटकों से अपील की है कि वे अनावश्यक यात्रा से बचें और नदी-नालों के पास जाने में सावधानी बरतें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top